मयूरभंज : आग बुझाने के लिए जा कर ख़ुद जल गए बन कर्मचारी


मयूरभंज:आग बुझाने के लिए जा कर ख़ुद जल गए यदुमनी महंत, 55, वन संरक्षण के एक ठेकेदार,। मयूरभंज ठाकुरमुंडा थाना अंतर्गत केंदुजवानी के पास आज एक दुर्भाग्यपूर्ण घटना हुई। जडबिल गांव की जादुमनी वहां के ग्रामीण जंगल की सुरक्षा का जिम्मेदारी संभाल रही थी। काल दोपहर करीब 1 बजे जंगल में अचानक से आग लग गई। जदुमनी ने आग को रोकने के लिए कड़ी मशक्कत की। लेकिन, आग ने उसे काबू कर लिया। वह अपने परिवार का पालन-पोषण कर रही थी। पिछले दो सालों से जादुमानी एक अस्थायी कर्मचारी के रूप में काम कर रहे हैं था। पौधे की रखवाली । फिर भी उन्होंने दृढ़ संकल्प के साथ जंगल की रक्षा की।









ग्रामीण और उनके परिजन घटनास्थल की ओर दौड़ पड़े।लेकिन तब तक, जादुमनी पहले से ही आग में जलचुका था । घटना ने सभी को स्तब्ध कर दिया है।संरक्षित जंगल से सटे लोगों की भूमि पर एक महोगनी का पेड़ था। लोगों ने पेड़ों से गिरे महोगनी के फूलों को इकट्ठा करने के लिए महोगनी के पेड़ के आधार पर गिरे सूखे पत्तों में आग लगा लग गई थी। लोगो ने बता रहे थे की आंग का एक चिंगारी पास एक गांव से उड़ कर आए था। चिनकागरी जंगल में सूखे पात्र पर गिरा था । सूखे पात्र होने के करण से चिंगारी आंग में बदल गई। जमीन पर सूखे पात्र के होने से आंग बोहात तेजी से फेल गई है। परिणामस्वरूप, जादुमनी सहित वनकर्मी और सुरक्षाकर्मी आग बुझाने का काम कर रहे थे ताकि रोपण स्थल को आग न लगे। लेकिन बाजी अचानक बदल गई और आंग को काबू नहीं कर सके। ओर परिणामस्वरूप बन कर्मी जादुमणि के कपड़ों में आग लग गई । आंग और धुएं के गुबार में जादुमणि दम तोड़ दिया था। ओर उनका वह जमीन पर गिर गया और विस्फोट में मृत्यु हो गई